टिम्मरसैंण बाबा बर्फानी चमोली गढ़वाल Timmersain Mahadev Baba Barfani Chamoli Garhwal

नमस्कार दोस्तों, आज हम आपको “उत्तराखंड दर्शन” के इस पोस्ट में “टिम्मरसैंण बाबा बर्फानी चमोली गढ़वाल Timmersain Mahadev Baba Barfani” के बारे में बताने वाले है यदि आप जानना चाहते “टिम्मरसैंण बाबा बर्फानी चमोली गढ़वाल Timmersain Mahadev Baba Barfani” के बारे में तो इस पोस्ट को अंत तक जरुर पढ़े|





Timmersain-mahadev

टिम्मरसैंण महादेव भगवान (बाबा बर्फानी )का इतिहास History Of Timmersain Mahadev Chamoli Garhwal 

टिम्मरसैंण महादेव भगवान शिव की एक गुफा है जो उत्तराखंड के चमोली जिले के नीती गांव में स्थित है। यह गुफा जम्मू और कश्मीर के अमरनाथ मंदिर की तरह प्राकृतिक रूप से प्रसिद्ध है। क्योंकि यहाँ बर्फ का एक प्राकृतिक शिवलिंग है, इस स्थान को दिन प्रतिदिन लोकप्रियता मिल रही है।

सर्दियों के मौसम में, चमोली की टिम्मरसैंण महादेव की इस आध्यात्मिक गुफा में एक प्राकृतिक शिवलिंग बनता है। यह गाँव भारत-चीन सीमा पर बर्फ से ढकी गढ़वाल हिमालय की गोद में बसा है। इस स्थान पर जाने के लिए विशेष अनुमति की आवश्यकता होती है। शिवलिंग लगभग जम्मू की अमरनाथ गुफा के शिवलिंग जैसा दिखता है। चमोली गढ़वाल के नीती – क्षेत्र में महादेव गुफा एक बहुत ही पवित्र स्थान है। यहाँ स्थानीय निवासी भगवान शिव लिंग के दर्शन करने आते हैं और गर्मी के मौसम में भगवान शिव को अपनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं।





हालांकि, उत्तराखंड पर्यटन विभाग फरवरी के महीने से यात्रियों और तीर्थयात्रियों को इस जगह जाने की अनुमति दे दी है, लेकिन इस  मौसम में अत्यधिक बर्फबारी होने के कारण वहां तक ​​पहुंचना मुश्किल हो सकता है। 2019 में यहाँ वसंत पंचमी के समय 10 फरवरी के लिए यात्रा निर्धारित की गई थी, लेकिन अब इसे मार्च के पहले सप्ताह तक के लिए स्थगित कर दिया गया है।

इस साल टिम्मरसैंण महादेव का पहला जत्था 29 अप्रैल को पहुंचा था। जोशीमठ के नीती गांव में नंदा देवी मंदिर में एक छोटी पूजा के बाद लगभग 400 तीर्थयात्री इस स्थल पर जाते हैं। आप यहाँ ग्रीष्मकाल में इस तीर्थस्थल के दर्शन कर सकते हैं|

टिम्मरसैंण बाबा बर्फानी चमोली गढ़वाल के बारे में

About Timmersain Mahadev Chamoli Garhwal

बाबा बर्फानी की ये गुफा चमोली गढ़वाल के अंतिम गांव नीती से 7सौ मीटर की दूरी पर मौजूद है। इस जगह को टिम्मरसैंण कहते हैं, जहां सर्दी के मौसम में बर्फ का शिवलिंग बनता है। जिस स्थान पर बर्फ का शिवलिंग दिखाई देता है, उसे स्थानीय लोग बबूक उडियार के नाम से जानते हैं। इस पर पहाड़ी से टपकने वाले जल से हमेशा अभिषेक होता रहता है। इसी शिवलिंग के पास बर्फ पिघलने के दौरान प्रतिवर्ष बर्फ का एक शिवलिंग आकार लेता है। अमरनाथ गुफा में बनने वाले शिवलिंग की तरह इस शिवलिंग की ऊंचाई ढाई से तीन फीट के बीच होती है। स्थानीय लोग इसे बर्फानी बाबा के नाम से जानते हैं।




इस जगह पहुंचने के लिए सेना की अनुमति लेनी पड़ती है। अपर आयुक्त गढ़वाल मंडल हरक सिंह रावत ने भी यहां अमरनाथ की तर्ज पर यात्रा शुरू करने का सुझाव दिया था। इसी कड़ी में शासन ने आगामी दस फरवरी से यात्रा शुरू करने का निर्णय लिया है। अपर आयुक्त गढ़वाल मंडल ने इस संबंध में सचिव पर्यटन की तरफ से जरूरी दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं।

यहाँ तक कैसे पहुंचे How To Reach?

यहाँ तक आप आसानी से पहुँच सकते हैं|

हवाई अड्डा – निकटतम हवाई अड्डा जॉली ग्रांट हवाई अड्डा हैं यहाँ से टिम्मरसैंण बाबा बर्फानी चमोली गढ़वाल की दूरी लगभग 354 किलोमीटर हैं यहाँ से आप आसानी से टैक्सी अथवा कार से जा सकते हैं|

ट्रेन – निकटतम रेलवे स्टेशन ऋषिकेश रेलवे स्टेशन है यहाँ से टिम्मरसैंण बाबा बर्फानी चमोली गढ़वाल की दूरी लगभग 332 किलोमीटर है यहाँ से आप आसानी से टैक्सी अथवा बस से जा सकते हैं|

सड़क से-

टिम्मर्सैन महादेव गुफा उत्तराखंड में चमोली जिले के अंतिम सीमा गाँव में स्थित है जो जोशीमठ से लगभग 82 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है यह उत्तराखंड की सड़कों से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ शहर है। जोशीमठ में बुकिंग के लिए शॉर्ब कैब या वाहन उपलब्ध हैं। गुफा नीती गाँव से लगभग एक किलोमीटर पहले है और मुख्य सड़क से लगभग 700 मीटर पैदल / ट्रेकिंग दूरी पर स्थित है।

Google Map Of Timmersain mahadev Chamoli Garhwal (Niti Pass)






उमीद करते हैं आपको यह पोस्ट पसंद आया होगा अगर आपको यह पोस्ट पसंद आये तो इसे like तथा नीचे दिए बटनों द्वारा share जरुर करें|